संदिग्धावस्था में विवाहिता ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, पिता ने लगाया दहेज हत्या का आरोप
आजमगढ़ : गंभीरपुर थाने के अम्मरपुर गांव में बुधवार को सुबह बंद कमरे में 26 वर्षीया विवाहिता का जंगले से लटकता शव पाए जाने पर सनसनी फैल गई। कमरे में तीन साल के बच्चे के रोने पर परिजनों ने आनन-फानन में दरवाजा खोला तो शव देख अवाक रह गए।
सरायमीर थाने के संजरपुर गांव का मूल निवासी अजय यादव गंभीरपुर थाने के अम्मरपुर गांव में मकान बनवाकर रहता है। अजय की चार साल पूर्व निजामाबाद थाने के कुजियारी गांव निवासी कवलधारी यादव की पुत्री मनीता यादव से शादी हुई थी। पिछले सप्ताह मंगलवार को मनीता अपने ढाई साल के बच्चे को लेकर ससुराल आई थी। मंगलवार की रात में मनीता अपने बच्चे को लेकर अलग कमरे में सोई थी। जबकि पति अजय यादव दूसरे कमरे में सोया था। ससुराल वालों का कहना है कि बुधवार की सुबह होते ही बच्चे के रोने पर हम लोग दरवाजे पर गए। दरवाजा अंदर से बंद था। किसी तरह दरवाजा खोला तो कमरे में जंगले से गमछा के सहारे मनीता का लटका हुआ शव पाया। इस बात की जानकारी जब पास पड़ोस के लोगों को हुई तो उन्होंने पुलिस के साथ ही मायका पक्ष को फोन कर सूचना दी। पिता ने देखा मृत बेटी का दोनों पैर जमीन से सटा हुआ था और हाथ में सना हुआ आटा लगा था। इस पर उसने पुलिस को सूचना दी। पुलिस व मायका पक्ष के आने से पूर्व ही ससुराल पक्ष के लोग घर छोड़कर फरार हो गए थे। मौके पर पहुंची पुलिस ने घटना की जानकारी लेने के बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृत विवाहिता के पिता ने आरोप लगाया कि शादी के बाद से ही दहेज की मांग को लेकर उसकी पुत्री को ससुराल के लोग प्रताड़ित कर रहे थे। मांग पूरी न करने पर उन्होंने हत्या कर दी। पिता की तहरीर पर गंभीरपुर पुलिस ने दहेज को लेकर गला दबाकर हत्या के आरोप में पति, सास, जेठ और जेठानी के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
आजमगढ़ रिपोर्ट

No comments